गेहूं उपार्जन में किसानों को किसी भी प्रकार की तकलीफ न हो : डॉ. यादव

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भोपाल (मध्य स्वर्णिम): मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि किसानों के हित में गेहूं उपार्जन का लक्ष्य 78 लाख मीट्रिक टन से बढ़ाकर 100 लाख मीट्रिक टन कर दिया है। लघु एवं सीमांत कृषकों के साथ-साथ मध्यम एवं बढ़े किसानों के लिये भी स्लॉट बुकिंग प्रारम्भ कर दी गई है। उपार्जन केंद्रों की क्षमता 1000 क्विंटल प्रतिदिन से बढ़ाकर 2250 क्विंटल प्रतिदिन कर दी गई है । स्लॉट बुकिंग की तारीख 30 अप्रैल से बढ़ाकर 09 मई कर दी गई है। इन निर्णयों के परिणामस्वरूप किसानों की आवक केंद्रों पर अब तेजी से बढ़ेगी। कलेक्टर्स अपने – अपने जिलों में तद्नुसार प्रबन्ध सुनिश्चित करें । मंडियों में अपनी उपज बेचने आ रहे किसानों को समस्त प्रकार की सुविधायें उपलब्ध हों और किसी भी प्रकार से तकलीफ न हो । उपार्जन केन्द्रों पर तौल कांटें, हम्माल, छाया, पानी आदि की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। सभी कलेक्टर्स प्रतिदिन गेहूं खरीदी, परिवहन व्यवस्था, भंडारण तथा कृषकों के भुगतान की आवश्यक रूप से समीक्षा करें । चना और मसूर की खरीदी मण्डी में शेड के अंदर की जाए ताकि असमय बारिश से नुकसान न हो । सीएम ने कहा कि चना मसूर उपार्जन की व्यवस्था के संबंध में जिला स्तर पर व्यापक प्रचार-प्रसार सुनिश्चित किया जाए।

हेलमेट नहीं तो कार्रवाई तय… आज से 10 मई तक पूरे प्रदेश में चलेगा विशेष अभियान:
मध्य प्रदेश में बढ़ते सड़क हादसों और दोपहिया वाहन चालकों की मौत के मामलों को देखते हुए पुलिस मुख्यालय ने बड़ा फैसला लिया है। प्रदेशभर में 26 अप्रैल से 10 मई 2026 तक हेलमेट पहनने को अनिवार्य बनाने के लिए विशेष अभियान चलाया जाएगा। इस संबंध में पुलिस परिवहन एवं शोध संस्थान ने सभी पुलिस आयुक्तों और जिला पुलिस अधीक्षकों को निर्देश जारी कर दिए हैं। जारी आदेश में कहा गया है कि सड़क दुर्घटनाओं में बड़ी संख्या दोपहिया वाहन चालकों की होती है, जिनमें अधिकांश मामलों में हेलमेट नहीं पहनना प्रमुख कारण बनता है। इसे गंभीरता से लेते हुए पुलिस विभाग ने सख्त कार्रवाई के साथ जनजागरूकता अभियान चलाने का निर्णय लिया है।

केन्द्र पर खरीदी के लिए बारदान की उपलब्धता की जाए:
डॉ. यादव ने मुख्यमंत्री निवास स्थित समत्व भवन में वीडियो कॉन्फ्रेसिंग से प्रदेश में गेहूं उपार्जन की समीक्षा के दौरान यह निर्देश जिला कलेक्टर्स दिए। डॉ. यादव ने गेहूं उपार्जन का लक्ष्य 100 लाख मीट्रिक टन करने के लिए प्रधानमंत्री मोदी का आभार माना। डॉ. यादव ने कहा कि प्रदेश में आवश्यक बारदानों की व्यवस्था की जा चुकी है। प्रत्येक उपार्जन केन्द्र पर 7 दिवस की खरीदी के लिए बारदान की उपलब्धता सुनिश्चित की जाए। प्रत्येक उपार्जन केन्द्र पर न्यूनतम 6 इलेक्ट्रॉनिक तौल कांटों की व्यवस्था हों।