उज्जैन: उज्जैन के ताराना कस्बे में गुरुवार शाम करीब 7:30 बजे दो पक्षों के बीच हुए विवाद ने देखते ही देखते गंभीर रूप ले लिया। विवाद के बाद क्षेत्र में तनाव का माहौल बन गया। उपद्रवियों ने बस स्टैंड पर खड़ी 11 बसों में तोड़-फोड़ कर दी। हालात बिगड़ते देख पुलिस प्रशासन को बड़ी संख्या में बल तैनात करना पड़ा। विवाद की शुरुआत उस समय हुई, जब एक पक्ष के लोगों ने विश्व हिंदू परिषद के एक प्रचारक और उसके एक साथी के साथ मारपीट कर दी। हमले में दोनों गंभीर रूप से घायल हो गए। घायलों को तत्काल ताराना अस्पताल ले जाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद उनकी हालत को देखते हुए उज्जैन रेफर कर दिया गया। मारपीट की सूचना फैलते ही हिंदूवादी संगठनों के कार्यकर्ता बड़ी संख्या में इकट्ठा हो गए और ताराना थाने का घेराव कर प्रदर्शन शुरू कर दिया। प्रदर्शनकारियों ने आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी और सख्त कार्यवाही की मांग की। स्थिति के और बिगड़ने की आशंका को देखते हुए पुलिस ने अतिरिक्त बल बुलाया और इलाके में गश्त बढ़ा दी। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, शाम को कुछ उपद्रवियों ने बस स्टैंड पर खड़ी बसों पर पत्थर और लाठी-डंडों से हमला कर दिया, जिससे 11 बसें क्षतिग्रस्त हो गईं। घटना का एक वीडियो भी सामने आया है। हिंदूवादी कार्यकर्ता प्रणव मित्तल ने बताया कि संगठन के कार्यकर्ता सोहेल ठाकुर और रजत ठाकुर के साथ हुई मारपीट के बाद ही पूरे इलाके में तनाव फैल गया।




