दावोस के बड़े मंच पर निवेश के लिए दमदार आगाज

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भोपाल (मध्य स्वर्णिम): मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में मध्यप्रदेश एक बार फिर वैश्विक निवेश केंद्र वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम (WEF) 2026 के मंच पर अपनी सशक्त उपस्थिति दर्ज कराने जा रहा है। निवेश, उद्योग और रोजगार सृजन को राज्य की विकास नीति का केंद्र बनाते हुए मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बीते एक वर्ष में देश-विदेश में निरंतर निवेश संवाद किया है। अब जनवरी में दावोस दौरे के माध्यम से मध्यप्रदेश मैन्युफैक्चरिंग, रिन्यूएबल एनर्जी, लॉजिस्टिक्स, टेक्सटाइल, रसायन उद्योग और फूड प्रोसेसिंग जैसे क्षेत्रों में वैश्विक उद्योग जगत से संवाद कर म.प्र. आमंत्रित किया जायेगा। इस वर्ष वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम की थीम A Spirit of Dialogue रखी गई है, जो सहयोग और साझेदारी पर आधारित विकास मॉडल को रेखांकित करती है। इसी भावना के अनुरूप मध्यप्रदेश अपनी सहभागिता के साथ दावोस में निवेश केंद्रित संवाद, नीति प्रस्तुतिकरण और रणनीतिक साझेदारियों पर फोकस करेगा। लगभग पाँच वर्षों बाद राज्य सरकार की औपचारिक भागीदारी को वैश्विक मंच पर मध्यप्रदेश की नई आर्थिक ऊर्जा और प्रशासनिक तत्परता के संकेत के रूप में देखा जा रहा है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव के नेतृत्व में राज्य सरकार ने निवेश नीतियों को सरल, पारदर्शी और उद्योग- अनुकूल बनाया है। ईज ऑफ डूइंग बिज़नेस, त्वरित निर्णय प्रणाली और भूमि आवंटन की सरल प्रक्रिया को दावोस में वैश्विक निवेशकों के समक्ष प्रमुखता से रखा जाएगा। राज्य का उद्देश्य केवल निवेश प्रस्ताव प्राप्त करना नहीं, बल्कि दीर्घकालिक और भरोसेमंद साझेदारी विकसित करना है। दावोस में मध्यप्रदेश की सहभागिता के दौरान एमपीआईडीसी के वरिष्ठ अधिकारी, उद्योग प्रतिनिधि, पर्यटन विभाग और नीति सलाहकार सक्रिय रूप से वन-टू-वन मीटिंग्स, सेक्टोरल राउंडटेबल्स और कॉर्पोरेट सत्रों में भाग लेंगे। वैश्विक सीईओ और अध्यक्षों के साथ बैठकों, में औद्योगिक विस्तार निर्यात क्षमता और रोजगार सृजन पर चर्चा होगी। मीडिया इंटरैक्शन के माध्यम से मध्यप्रदेश की औद्योगिक प्राथमिकताओं और निवेश-अनुकूल वातावरण को अंतरराष्ट्रीय मंच पर प्रस्तुत किया जाएगा। मध्यप्रदेश विशेष रूप से कृषि एवं फूड प्रोसेसिंग, बायोटेक-फार्मा- हेल्थकेयर, नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा, रसायन उद्योग, टेक्सटाइल एवं गारमेंट, रियल एस्टेट, परिवहन एवं लॉजिस्टिक्स, होल्डिंग कंपनियों, शिक्षा और खेल अवसंरचना जैसे क्षेत्रों में निवेश संवाद करेगा। लोकल टू ग्लोबल रणनीति के तहत मध्यप्रदेश अपने संसाधनों और कुशल मानव-शक्ति को वैश्विक मूल्य श्रृंखलाओं से जोड़ने की दिशा में आगे बढ़ेगा। दावोस एजेंडे में ऊर्जा और रिन्यूएबल एनर्जी क्षेत्र में अडानी समूह के साथ मुरैना विद्युत वितरण से जुड़े एमओयू, अडानी डिफेंस के साथ रक्षा उत्पादन में सहयोग, स्विट्ज़रलैंड की शिवाग एजी को औद्योगिक भूमि आवंटन, डीपी वर्ल्ड (यूएई) के साथ स्ट्रेटेजिक लॉजिस्टिक्स हब और फ्रांस की सानोफी द्वारा भोपाल में सेंटर ऑफ एक्सीलेंस की स्थापना जैसे प्रस्ताव शामिल हैं। इसके साथ ही वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम के सहयोग से मध्यप्रदेश में सेंटर फॉर फोर्थ इंडस्ट्रियल रिवोल्यूशन (CyIR) की स्थापना का प्रस्ताव भी इस दौरे का प्रमुख आकर्षण है। मध्यप्रदेश की दावोस सहभागिता का केंद्र बिंदु राज्य के प्राथमिक फोकस सेक्टर्स को वैश्विक निवेश मानचित्र से जोड़ना है।

असम के विद्यार्थी के साथ मारपीट पर संज्ञान:
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने इंदिरा गांधी राष्ट्रीय जनजातीय विश्वविद्यालय, शहडोल में असम के विद्यार्थी के साथ हुई मारपीट पर संज्ञान लेते हुए कठोर कार्यवाही के निर्देश दिए हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि किसी भी आरोपी को बख्शा नहीं जाएगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि इंदिरा गांधी राष्ट्रीय जनजातीय विश्वविद्यालय में असम के विद्यार्थी के साथ छात्रावास में हुई मारपीट के मामले में पुलिस ने एफआईआर दर्ज की है। पुलिस द्वारा वैधानिक कार्यवाही की जा रही है।