भोपाल (मध्य स्वर्णिम): कर्नल सोफिया कुरैशी को लेकर दिए गए विवादित बयान के मामले में सुप्रीम कोर्ट में 9 फरवरी को सुनवाई प्रस्तावित है। इससे दो दिन पहले शनिवार, 7 फरवरी को मंत्री विजय शाह ने वीडियो संदेश जारी कर कहा कि उनका किसी भी महिला अधिकारी, भारतीय सेना या समाज के किसी वर्ग का अपमान करने का कोई इरादा नहीं था। अब तक शाह मामले में चार बार माफी मांग चुके हैं। बता दें प्रदेश के मंत्री विजय शाह ने अपने बयान में कहा कि वह पहले भी कई बार स्पष्ट कर चुके हैं और आज दोबारा दोहराते हैं कि उनकी मंशा किसी को ठेस पहुंचाने की नहीं थी। उन्होंने स्वीकार किया कि उनके शब्द उनकी भावना के अनुरूप नहीं थे और यह टिप्पणी देशभक्ति के उत्साह, भावनात्मक आवेश और उत्तेजना में निकल गई। उन्होंने यह भी कहा कि भविष्य में वह अपनी भाषा को लेकर पूरी सावधानी बरतेंगे और ऐसी गलती दोहराई नहीं जाएगी। बता दें, कर्नल सोफिया कुरैशी पर की गई इस टिप्पणी को लेकर मामला सुप्रीम कोर्ट तक पहुंचा है। 19 जनवरी को हुई सुनवाई के दौरान शीर्ष अदालत ने मध्य प्रदेश सरकार को निर्देश दिए थे कि वह दो सप्ताह के भीतर मंत्री विजय शाह के खिलाफ अभियोजन की स्वीकृति देने या नहीं देने पर निर्णय ले। यह समय सीमा पूरी हो चुकी है, लेकिन राज्य सरकार ने एसआईटी की रिपोर्ट का दोबारा परीक्षण करने के लिए अदालत से अतिरिक्त समय मांगा है।
प्रमुख आदिवासी नेता हैं शाह:
शाह प्रदेश की राजनीति में आदिवासी समाज के प्रमुख नेताओं में गिने जाते हैं। वह आठ बार विधानसभा चुनाव जीत चुके हैं और जनजातीय क्षेत्र में उनका खासा प्रभाव माना जाता है। मध्य प्रदेश की राजनीति में आदिवासी वर्ग की भूमिका अहम होने के कारण यह मामला राजनीतिक रूप से भी काफी संवेदनशील बन गया है। बता दें, कि विजय शाह इस प्रकरण में अब तक चार बार सार्वजनिक रूप से माफी मांग चुके हैं।
Sign in
Welcome! Log into your account
Forgot your password? Get help
Password recovery
Recover your password
A password will be e-mailed to you.




