नई दिल्ली (मध्य स्वर्णिम): सुप्रीम कोर्ट ने सोमवार को दिल्ली हाई कोर्ट को निर्देश दिया है कि कुलदीप सिंह सेंगर की याचिका पर जल्द वह (हाईकोर्ट) सुनवाई करे। कुलदीप सिंह सेंगर ने अपनी याचिका में उन्नाव रेप पीड़िता के पिता की कस्टडी में हुई मौत के मामले में अपना सजा को चुनौती दी है। सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि इस याचिका पर तीन माह के अंदर फैसला हो जाना चाहिए। चीफ जस्टिस ऑफ इंडिया सूर्यकांत, जस्टिस जॉयमाल्य बागची और एन वी अंजारिया की बेंच ने कुलदीप सेंगर की उस याचिका पर सुनवाई करने से इनकार कर दिया और कहा कि पीड़िता परिवार की ओर से दायर की गई कोई भी अपील कुलदीप सिंह सेंगर की याचिका के साथ हाई कोर्ट में सुनी जानी चाहिए। याचिका में कुलदीप सिंह सेंगर ने अपनी याचिका में हाईकोर्ट के 19 जनवरी के आदेश को चुनौती दी थी। तीन सदस्यीय सुप्रीम कोर्ट की बेंच कुलदीप सिंह सेंगर की उस याचिका पर सुनवाई कर रही थी, जिसमें उन्होंने हाईकोर्ट के उस आदेश को चुनौती दी, जिसनें मामले में उनकी 10 साल की जेल की सजा को सस्पेंड करने के मना कर दिया था। सुनवाई के दौरान, चीफ जस्टिस ने पीड़िता के वकील की ओर से मामले के बारे में मीडिया में बयान देने पर नाराजगी जताई। जस्टिस सूर्यकांत ने कहा, हम किसी दिखावे की इमारत में नहीं बैठे हैं, हमें पता है कि बाहर मीडिया ट्रायल चल रहा है।




