उज्जैन: पुलिस ने नकली नोटों के एक बड़े रैकेट का भंडाफोड़ किया है। पुलिस ने 17 लाख 50 हजार रुपये के नकली नोटों के साथ दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। एक आरोपी फरार है, जिसके इंदौर स्थित घर से प्रिंटिंग मशीन, इंक, कॉटेज और पेपर बरामद हुए हैं। इन बरामद नोटों की कीमत करीब 15 लाख रुपये बताई जा रही है। पुलिस ने यह खुलासा प्रेस वार्ता में किया। पुलिस अधीक्षक प्रदीप शर्मा ने बताया कि मुखबिर की सूचना पर चिमनगंज मंडी थाना क्षेत्र के पण्ड्याखेड़ी के पास से हिमांशु उर्फ चीनू (26) और दीपेश चौहान (22) को नकली नोटों की गड्डी के साथ पकड़ा गया। पूछताछ में उन्होंने तीसरे साथी राजेश बरबड़े का नाम बताया, जो इंदौर में रहता है। पुलिस ने राजेश के घर दबिश दी, लेकिन वह भागने में सफल रहा। वहां से पुलिस को नोट छापने की मशीन, इंक, कॉटेज और पेपर मिले। खास बात यह है कि बरामद नकली नोटों पर छपे नंबरों की सीरीज अलग-अलग है। गिरफ्तार आरोपी हिमांशु उर्फ चीनू गोसर पहले भी दो बार नकली नोट के मामले में पकड़ा जा चुका है। फरार आरोपी राजेश बरबड़े पर भी पहले से एक केस दर्ज है। गिरफ्तार आरोपियों ने बताया कि वे असली नोटों की गड्डी के बीच में नकली नोट मिलाकर बेचते थे। एक लाख रुपये के नकली नोटों के बदले वे 30 हजार रुपये लेते थे।




